केंद्र ने हरियाणा के नए DGP की नियुक्ति के लिए पैनल को निरस्त किया कहा, पहले DGP के पद को रिक्त करें
केंद्र ने हरियाणा के नए DGP की नियुक्ति के लिए पैनल को निरस्त किया कहा, पहले DGP के पद को रिक्त करें

Satya Khabar,Jind
DGP Appointment Process : केंद्र सरकार ने हरियाणा सरकार द्वारा हरियाणा के नए डीजीपी की अपॉइंटमेंट के लिए भेजे गए पैनल को वापस भेज दिया है। केंद्र सरकार ने हरियाणा में डीजीपी के पद को अभी रिक्त करने से इनकार कर दिया है। केंद्र सरकार ने पैनल वापस भेजते हुए कहा है कि शत्रु जीत कपूर छुट्टी पर है और वह कभी भी वापस आकर कार्यभार संभाल सकते हैं। शत्रुजीत कपूर का अक्टूबर 2026 तक कार्यकाल बाकी है। केंद्र सरकार के इस फैसले से हरियाणा में नए साल में स्थाई डीजीपी मिलना मुश्किल हो गया है।
यूपीएससी ने अपने पत्र में हरियाणा सरकार को लिखा है कि सुप्रीम कोर्ट के प्रकाश सिंह केस के मुताबिक राज्य सरकार को वैकेंसी की पूर्व-अनुमानित स्थिति में प्रस्ताव भेजना चाहिए
लेकिन शत्रुजीत कपूर केवल अवकाश पर हैं और कभी भी वापस ज्वाइन कर सकते हैं, इसलिए आयोग के अनुसार राज्य में फिलहाल डीजीपी का पद खाली ही नही है
बता दें कि शत्रुजीत कपूर को 16 अगस्त 2023 को कम से कम दो साल के कार्यकाल के लिए डीजीपी नियुक्त किया गया था यह अवधि पूरी हो चुकी है, इसलिए अगर राज्य सरकार चाहे तो उन्हें ट्रांसफर कर सकती है। लेकिन तभी जब वह औपचारिक तौर पर यह निर्णय ले कि कपूर को आगे डीजीपी के रूप में नहीं रखना है। इसके बाद ही केंद्र सरकार हरियाणा सरकार के डीजीपी के पैनल पर विचार करेगी। डीजीपी पैनल पर यूपीएससी ने अपनी आपत्तियां दर्ज करते हुए हरियाणा सरकार का प्रस्ताव वापिस भेज दिया है।
बता दें कि प्रदेश सरकार ने यूपीएससी को 5 IPS का पैनल भेजा था। इस प्रस्ताव में प्रदेश सरकार ने प्रदेश पुलिस महानिदेशक (DGP) की नियुक्ति के लिए तीन आईपीएस अधिकारियों का पैनल तैयार करने का अनुरोध किया गया था।इस प्रस्ताव में 1990 बैच के शत्रुजीत कपूर भी शामिल थे। कपूर 14 अक्टूबर तक राज्य पुलिस प्रमुख थे, लेकिन आईपीएस अधिकारी वाई. पुरन कुमार की आत्महत्या के बाद बढ़ते विवाद के चलते उन्हें अवकाश पर भेज दिया गया था।सूची में 1992 बैच के ओपी सिंह का नाम भी था, जिन्हें कपूर के अवकाश पर जाने के दौरान डीजीपी का अतिरिक्त प्रभार दिया गया था, लेकिन वे 31 दिसंबर को सेवानिवृत्त हो रहे हैं।इसके अलावा अन्य अधिकारियों में एस.के. जैन (1991 बैच), अजय सिंगल (1992 बैच), 1993 बैंच के आलोक मित्तल और अरशिंदर सिंह चावला का नाम शामिल हैं।
आज बताया गया है कि संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) ने हरियाणा सरकार का भेजा गया प्रस्ताव वापिस भेज दिया है।
केंद्र सरकार के संघ लोकसेवा आयोग द्वारा हरियाणा सरकार के प्रस्ताव को वापस भेजने के साथ ही अब एक बार तो यह है संभावना बनने लगी है कि 31 दिसंबर को हरियाणा के कार्यवाहक डीजीपी ओ.पी. सिंह के सेवानिवृत्त होने के बाद हो सकता है सरकार को एक बार फिर से कार्यवाहक डीजीपी की नियुक्ति करनी पड़ सकती है। सूत्र बताते हैं कि आने वाले दो-चार दिनों में सरकार शत्रुजीत कपूर को ऊर्जा विभाग में दोबारा भेजने की तैयारी कर रही है, इसके बाद डीजीपी का पद हो जाएगा और उसके बाद संघ लोक सेवा आयोग को दोबारा से पैनल भेजने का काम करेगी।